रायपुर ///जांजगीर ।छत्तीसगढ़ी सिनेमा को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने वाले निर्देशक-निर्माता अखिलेश पांडेय को तीसरे इमेजिनेशन फिल्म्स इंटरनेशनल फेस्टिवल 2026 में _सर्वश्रेष्ठ लघु फिल्म (भारत)_ श्रेणी का जूरी सदस्य नियुक्त किया गया है।
फेस्टिवल की निदेशक सुषमा चावरे द्वारा भेजे गए आधिकारिक नियुक्ति पत्र में पांडेय को यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई। पत्र के अनुसार, उन्हें 30 अप्रैल 2026 के बाद प्रतियोगिता में शामिल लघु फिल्मों के स्क्रीनिंग लिंक उपलब्ध कराए जाएंगे। श पांडेय अपने विवेक और मानदंडों के आधार पर स्वतंत्र रूप से फिल्मों का मूल्यांकन करेंगे।
*क्या होंगी जिम्मेदारियां*
जूरी सदस्य के तौर पर अखिलेश पांडेय भारत की शीर्ष तीन सर्वश्रेष्ठ लघु फिल्मों का चयन करेंगे। यदि दो या अधिक फिल्मों की गुणवत्ता समान पाई जाती है, तो उन्हें टाई घोषित करने का अधिकार भी होगा। इसके अलावा, फेस्टिवल ने उन्हें एक _विशेष जूरी पुरस्कार_ देने का भी विशेष अधिकार दिया है। इस पुरस्कार के लिए वे अपनी पसंद की किसी भी प्रतिभाशाली फिल्म को चुन सकते हैं।
*कौन हैं अखिलेश पांडेय*
अखिलेश पांडेय छत्तीसगढ़ी फीचर फिल्म _स्क्रीन_ के निर्देशक-निर्माता हैं। यह फिल्म हाल ही में बुल्गारिया के गोल्डन फेमी फिल्म फेस्टिवल 2026 के क्वार्टर-फाइनल यानी टॉप-8 में जगह बनाने वाली पहली छत्तीसगढ़ी फिल्म बनी है। इससे पहले वे किन्नर समुदाय के संघर्ष पर आधारित फिल्म _किरण_ का निर्देशन कर चुके हैं, जिसे देशभर में सराहना मिली थी। श्री पांडेय लगातार छत्तीसगढ़ की कहानियों को वैश्विक मंच तक पहुंचाने के लिए प्रयासरत हैं।
*फेस्टिवल के बारे में*
तीसरा इमेजिनेशन फिल्म्स इंटरनेशनल फेस्टिवल 2026 का आयोजन भिलाई स्थित इमेजिनेशन फिल्म्स द्वारा किया जा रहा है। यह मंच देश-विदेश के नए फिल्मकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर प्रदान करता है।
*क्या बोले अखिलेश पांडेय*
नियुक्ति पर अखिलेश पांडेय ने कहा, _"इमेजिनेशन फिल्म्स का यह सम्मान मेरे लिए नहीं, पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व की बात है। जूरी के रूप में मेरी कोशिश रहेगी कि भारत के उभरते फिल्मकारों की मेहनत और रचनात्मकता को सही पहचान मिले।"_
इस तरह से हमारे छत्तीसगढ़ी फिल्म इंडस्ट्री मैं एक नया कीर्तिमान स्थापित होती है और मैं सूत्रधार रूपरेखा बनती है अखिलेश पांडे एक सवाल व्यक्ति है।

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